घरघोड़ा में रेत तस्करी जोरों परसेटिंग की नाव में चढ़कर घरघोड़ा के हृदय स्थल से बेखौफ पार हो रही गाड़ियां रायगढ़ जिले के घरघोड़ा मे इन दिनों रेत की तस्करी जमकर हो रही है स्थानीय प्रशासन रेत तस्कर के ऊपर कोई कार्रवाई नही कर रही है। आलम यह है कि घरघोड़ा क्षेत्र में खुलकर अवैध रूप से रेत का उत्खनन कर परिवहन करने में लगे हैं। रेत तस्करो में रत्ती भर भी राजस्व ना ही पुलिस विभाग का डर नहीं कारीछापार कंचनपुर,टेरम, आस पास के सभी घाट के पास कोइ वैध रॉयल्टी नहीं है जिसका खुलकर रेत तस्कर व प्रशासन के लाइजनर फायदा उठा कर मोटी रकम बना रहे है। मौके का पूरा फायदा उठाते हुए रेत चोर बालू को महंगे दामों पर बेच रहे है वर्तमान स्थिति की बात करें तो घरघोड़ा के आसपास के क्षेत्र में प्रति ट्रैक्टर 2 से 3 हज़ार रु रेत बिक रहा..निर्माण कराने वाले भी महंगे रेट पर बालू खरीदने मजबूर है।अवैध रेत परिवहन करते अधिकांश ट्रैक्टर गाँव के नाबालिक चला रहे..सभी ट्रेक्टर बेखौफ होकर फुल स्पीड से घरघोड़ा के हृदय स्थल से एसडीएम कार्यालय व थाना के सामने से ठेंगा दिखाते हुए निकलते हैं..सेटिंग की नाव में चढ़कर पार हो रही गाड़ियांसूत्रों से प्राप्त जानकारी अनुसार प्रशासन के लोग अवैध बालू ट्रैक्टर को रोकने के बजाय उन्हें बढ़ावा देने में लगे हुए हैं बताया जा रहा है की प्रति ट्रेक्टर 5000 महीना दिए बिना ट्रेक्टर चलाना मुश्किल है घरघोड़ा मे ऐसे कितने ट्रैक्टर है जिसे हर महीने मोटी रकम वसूली जा रही है नाम सार्वजनिक न करने के शर्त पर रेत चोर हमें ऑन कैमरा बताया कि प्रशासन के लोग हर महीना 5000 रु मांगते है ना देने पर गाड़ियां पड़कर मोटा चालान करने की कार्यवाही की धमकी देते

घरघोड़ा में रेत तस्करी जोरों पर
सेटिंग की नाव में चढ़कर घरघोड़ा के हृदय स्थल से बेखौफ पार हो रही गाड़ियां
रायगढ़ जिले के घरघोड़ा मे इन दिनों रेत की तस्करी जमकर हो रही है स्थानीय प्रशासन रेत तस्कर के ऊपर कोई कार्रवाई नही कर रही है। आलम यह है कि घरघोड़ा क्षेत्र में खुलकर अवैध रूप से रेत का उत्खनन कर परिवहन करने में लगे हैं। रेत तस्करो में रत्ती भर भी राजस्व ना ही पुलिस विभाग का डर नहीं कारीछापार कंचनपुर,टेरम, आस पास के सभी घाट के पास कोइ वैध रॉयल्टी नहीं है जिसका खुलकर रेत तस्कर व प्रशासन के लाइजनर फायदा उठा कर मोटी रकम बना रहे है। मौके का पूरा फायदा उठाते हुए रेत चोर बालू को महंगे दामों पर बेच रहे है वर्तमान स्थिति की बात करें तो घरघोड़ा के आसपास के क्षेत्र में प्रति ट्रैक्टर 2 से 3 हज़ार रु रेत बिक रहा..निर्माण कराने वाले भी महंगे रेट पर बालू खरीदने मजबूर है।
अवैध रेत परिवहन करते अधिकांश ट्रैक्टर गाँव के नाबालिक चला रहे..सभी ट्रेक्टर बेखौफ होकर फुल स्पीड से घरघोड़ा के हृदय स्थल से एसडीएम कार्यालय व थाना के सामने से ठेंगा दिखाते हुए निकलते हैं..
सेटिंग की नाव में चढ़कर पार हो रही गाड़ियां
सूत्रों से प्राप्त जानकारी अनुसार प्रशासन के लोग अवैध बालू ट्रैक्टर को रोकने के बजाय उन्हें बढ़ावा देने में लगे हुए हैं बताया जा रहा है की प्रति ट्रेक्टर 5000 महीना दिए बिना ट्रेक्टर चलाना मुश्किल है घरघोड़ा मे ऐसे कितने ट्रैक्टर है जिसे हर महीने मोटी रकम वसूली जा रही है नाम सार्वजनिक न करने के शर्त पर रेत चोर हमें ऑन कैमरा बताया कि प्रशासन के लोग हर महीना 5000 रु मांगते है ना देने पर गाड़ियां पड़कर मोटा चालान करने की कार्यवाही की धमकी देते हैं!!


