July 10, 2026

dainik

RAIGARH ANCHAL

गरीबों के निवालों की कीमत पर फ्लाई एश का निपटान! राख की डंपिंग जारी

1 min read
Spread the love

गरीबों के निवालों की कीमत पर फ्लाई एश का निपटान! राख की डंपिंग जारी, मनरेगा का काम रुका कुड़ेकेला:- छाल हायर सेकंडरी स्कूल परिसर में गड्ढों को पाटने या मैदान समतलीकरण कार्य के लिए 10 हजार मीट्रिक टन फ्लाई एश डंपिंग की अनुमति मिलना कई गंभीर सवालों को जन्म देता। सवालों की फेहरिस्त काफी लंबी है जिसमें पर्यावरण संरक्षण मंडल के जिम्मेदार अधिकारी, स्थानीय प्रशासन, स्कूल के प्राचार्य, ग्राम पंचायत के सरपंच और स्थानीय जनप्रतिनिधियों की भूमिका सवालों के घेरे में है। इसके अलावा जहां मनरेगा योजना में 3 सौ पौधरोपण किया जाना है उसी परिसर में फ्लाई एश डंप किये जाने की अनुमति दी गई। तो शायद विकास अनियंत्रित हो गया है और इसलिए पहले औद्योगिक राख को निपटाने के काम को महत्व दिया जा रहा है और मनरेगा योजना के तहत स्वीकृत कार्य जो एक हितग्राही मूलक कार्य है, साथ ही गांव के सैकड़ों लोगों की आजीविका का साधन भी है, उस कार्य की प्रगति बिलकुल निराशाजनक है। बल्कि यह कहें तो अतिश्योक्ति नहीं होगी कि स्कूल में पौधे लगाने का सरकारी काम शुरू ही नहीं हुआ है। तो शायद 10 हजार मीट्रिक टन औद्योगिक राख डंप करने के एक बड़े प्रोजेक्ट के सामने ये मनरेगा योजना के पौधरोपण जैसे काम टिक नहीं पा रहे हैं। इसलिए शायद किसी भी जिम्मेदार की नजर में इस कार्य के अस्तित्व की कोई आवश्यकता नहीं जान पड़ती। तो भले ही मनरेगा मजदूर दो चार महीने जुगाड़ करके अपना गुजर बसर करते रहें, उन्हें तो फांका करने की आदत भी होगी, लेकिन एसी रूम के आदी हो चुके जिम्मेदारों को जरा भी तकलीफ नहीं होनी चाहिए। यह स्थिति साफ बयां करती है कि सिर्फ और सिर्फ नाम और चेहरे ही बदले हैं, बेकाबू विकास और संगठित लूट का तरीका नहीं। हाल ही में मजदूर दिवस मनाया गया है और यहां फ्लाई ऐश का निपटान मजदूरों के निवालों से ज्यादा कीमती नजर आता है। बता दें कि बीते सितंबर माह में छाल के हाई स्कूल परिसर में 300 पौधे लगाए जाने के कार्य को स्वीकृति प्रदान की गई। लेकिन वहां अब तक पौधरोपण का काम शुरू नहीं किया गया है। यहां सवाल उठता है कि क्या फ्लाई ऐश डंप करने के कारण ही मनरेगा का काम रोक दिया गया है। यह विडंबना है कि एक ओर हम शान से मजदूर दिवस मनाते हैं, प्रदेश के पारंपरिक व प्रसिद्ध व्यंजन बोरे बासी खाते हुए व अन्य संबंधित फ़ोटो शेयर कर एक दूसरे को मजदूर दिवस की बधाई देते हैं तो दूसरी ओर मनरेगा योजना के तहत 300 पौधरोपण के काम को शायद इसलिए रोक दिया जाता है कि वहां पर किसी एसकेएस कम्पनी के हजारों मीट्रिक टन औद्योगिक राख से मैदान समतल करने के नाम पर विकास के नए आयाम गढ़े जा रहे हैं। इस मामले में सोशल मीडिया में स्टेटस डालने वाले तमाम जनप्रतिनिधियों के साथ साथ जिम्मेदार अधिकारियों के हाथ भी बंधे हुए नजर आते हैं।
जल्द शुरू होगा पौधरोपण – कार्यक्रम अधिकारी इस मामले को लेकर धरमजयगढ़ मनरेगा योजना के कार्यक्रम अधिकारी ए के सोनकर ने बताया कि छाल हाई स्कूल परिसर में मनरेगा योजना से 300 पौधे लगाए जाने हैं, कार्यस्थल पर साफसफाई का कुछ काम कराया गया है। कार्य में देरी के सवाल पर उन्होंने कहा कि गर्मी में सिंचाई की समस्या के कारण अभी वहाँ पौधरोपण शुरू नहीं किया गया है, बारिश शुरू होने के साथ ही वहां पौधे लगाने का काम शुरू किया जाएगा। स्कूल परिसर में फ्लाई ऐश डंपिंग के बारे में अनभिज्ञता जाहिर करते हुए उन्होंने कहा कि यदि जरूरत हुई तो स्थल परिवर्तन कर पौधरोपण कराया जाएगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed

Copyright © All rights reserved. | Newsphere by AF themes.